Ajit Doval Wang Yi Meeting: राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल ने सोमवार (23 जून, 2024) को बीजिंग में चीनी विदेश मंत्री वांग यी के साथ बैठक के दौरान समग्र क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए सभी प्रकार के आतंकवाद का मुकाबला करने की आवश्यकता पर बल दिया. NSA शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के सदस्य देशों के शीर्ष राष्ट्रीय सुरक्षा अधिकारियों के सम्मेलन में भाग लेने के लिए चीन की यात्रा पर हैं.
विदेश मंत्रालय ने क्या दिया बयान?
विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि दोनों पक्षों ने भारत-चीन द्विपक्षीय संबंधों में हाल के घटनाक्रम की समीक्षा की और लोगों के बीच अधिक से अधिक संपर्क बढ़ाने सहित द्विपक्षीय संबंधों के समग्र विकास को बढ़ावा देने की आवश्यकता को रेखांकित किया. बयान में कहा गया, ‘‘एनएसए ने क्षेत्र में समग्र शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए सभी प्रकार के आतंकवाद का मुकाबला करने की आवश्यकता पर भी बल दिया.’’
अजीत डोभाल ने आतंकवाद के मुद्दे पर दिया जोर
डोभाल ने आतंकवाद का मुकाबला करने पर ऐसे वक्त जोर दिया है जब लगभग डेढ़ महीने पहले भारत ने 22 अप्रैल के पहलगाम आतंकवादी हमले के जवाब में पाकिस्तान में कई आतंकवादी बुनियादी ढांचे को नष्ट कर दिया था. Pahalgaam हमले के बाद से भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्ते तल्ख हैं. भारत ने पाकिस्तान के साथ व्यापार समेत सिंधु जल समझौते को भी स्थगित कर दिया है. वहीं, विदेश मंत्रालय ने कहा कि डोभाल और वांग ने आपसी हित के अन्य द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया.
बयान के अनुसार, ‘‘एनएसए ने कहा कि वह विशेष प्रतिनिधि (एसआर) वार्ता के 24वें दौर के लिए पारस्परिक रूप से सुविधाजनक तिथि पर भारत में वांग यी के साथ बैठक करने के लिए उत्सुक हैं.’’