ब्रिटेन की हेल्थ सिक्योरिटी एजेंसी (UKHSA) ने शुक्रवार को इंग्लैंड में खसरे के बढ़ते मामलों को लेकर चेतावनी जारी की है. एजेंसी ने आगाह किया है कि गर्मी की छुट्टियों के दौरान यात्रा में बढ़ोतरी के चलते खसरे के मामलों में और तेजी आ सकती है. UKHSA द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, 1 जनवरी 2025 से अब तक इंग्लैंड में 420 खसरे के मामलों की पुष्टि हो चुकी है. इनमें से 109 मामले अप्रैल में और 86 मई में सामने आए. पूरे साल में सबसे अधिक मामले लंदन में दर्ज किए गए हैं. पिछले चार हफ्ते में भी 75 में से 35 मामले लंदन में (47 प्रतिशत) सामने आए. इन मामलों में से 66 प्रतिशत मरीज 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चे हैं, जो कि चिंताजनक है.UKHSA ने कहा कि जैसे-जैसे गर्मियों की छुट्टियों के दौरान लोग यात्रा पर निकलेंगे, खासकर विदेशों की ओर, तो खसरे का वायरस और तेजी से फैल सकता है. यह वायरस अभी भी दुनिया के कई देशों में एंडेमिक बना हुआ है. बता दें कि इस साल यूरोप के कई देशों में खसरे का प्रकोप देखा गया है, जिनमें फ्रांस, इटली, स्पेन और जर्मनी शामिल हैं. वहीं, विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, रोमानिया, पाकिस्तान, भारत, थाईलैंड, इंडोनेशिया और नाइजीरिया में खसरे के सबसे अधिक मामले दर्ज किए जा रहे हैं.
वैक्सीन की चेतावनी
UKHSA ने सभी अभिभावकों से अपील की है कि वे यह सुनिश्चित करें कि उनके बच्चों को एमएमआर टीके की दोनों डोज समय पर मिल चुकी हों. UKHSA की सलाहकार एपिडेमियोलॉजिस्ट वनेसा सलीबा ने कहा, ‘यह बेहद जरूरी है कि हर कोई, खासकर छोटे बच्चों के माता-पिता, यह जांच लें कि उनके परिवार के सभी सदस्यों को एमएमआर टीके की दो डोज लग चुकी हैं, खासकर अगर वे गर्मियों में यात्रा करने या रिश्तेदारों से मिलने जा रहे हैं.’
क्या हो सकती है दिक्कतविश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, खसरा एक अत्यधिक संक्रामक वायरल रोग है, जो संक्रमित व्यक्ति के सांस लेने, खांसने या छींकने से फैलता है. यह बीमारी तेज बुखार, खांसी, बहती नाक और पूरे शरीर पर लाल चकत्तों वाली त्वचा के रूप में प्रकट होती है. खसरा किसी को भी हो सकता है, लेकिन यह बच्चों में सबसे आम है. गर्भवती महिलाएं और बिना टीकाकरण वाले छोटे बच्चे इसके गंभीर परिणामों के सबसे बड़े जोखिम में होते हैं. खसरे से बचने का सबसे सुरक्षित और प्रभावी तरीका है टीकाकरण. एमएमआर वैक्सीन शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करती है और संक्रमण को फैलने से रोकती है. UKHSA की इस चेतावनी के बाद स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने भी लोगों से अपील की है कि गर्मी की छुट्टियों से पहले वे अपने बच्चों और परिवार के अन्य सदस्यों का टीकाकरण स्टेटस जरूर जांचें और आवश्यक हो तो टीके लगवाएं.